नई दिल्ली 
 केंद्रीय गृह मंत्रालय ने अनलॉक-2 की गाइडलाइंस जारी कर दी है. नई गाइडलाइन 1 जुलाई से लागू होंगी. दरअसल, अनलॉक-1 की अवधि 30 जून को समाप्त हो रही है. इसी के साथ अनलॉक-2 का ऐलान किया गया है जिसमें कई गतिविधियों में छूट होगी लेकिन पाबंदियों के साथ. कंटेनमेंट जोन में सख्ती रहेगी जबकि कंटेनमेंट जोन से बाहर के इलाकों में छूट दी जाएगी. यहां हम आपको बताने जा रहे हैं कि अनलॉक- 2 में आपको क्या-क्या रियायतें मिलने वाली हैं.

ये हैं अनलॉक- 2 की रियायतें
अनलॉक- 2 में कंटेनमेंट जोन के बाहर कुछ चीजों के लिए केंद्रीय गृह मंत्रालय की तरफ से छूट दी गई है.

- सीमित संख्या में घरेलू उड़ानों और यात्री ट्रेनों की अनुमति दी गई है. इनका संचालन आगे भी जारी रहेगा.

- वंदे भारत मिशन के तहत सीमित तरीके से यात्रियों की अंतरराष्ट्रीय हवाई यात्रा की अनुमति दी गई है. आगे भी इसे बढ़ाया जाएगा.

- नाइट कर्फ्यू का समय बदला गया है और अब यह रात 10 बजे से सुबह 5 बजे तक होगा.

- दुकानों में 5 लोग से ज्यादा भी जुट सकते हैं लेकिन इसके लिए सोशल डिस्टेंसिंग का पूरा ख्याल रखना होगा.

- 15 जुलाई से केंद्र और राज्य सरकारों के ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट में कामकाज शुरू हो सकेगा.

- अलग-अलग प्रदेश सरकारों के साथ परामर्श के बाद फैसला हुआ कि स्कूल-कॉलेज और कोचिंग संस्थान 31 जुलाई तक बंद रखे जाएंगे.

- इंडस्ट्रियल यूनिट, राष्ट्रीय और प्रादेशिक हाइवे पर लोगों की आवाजाही और माल की ढुलाई, कारगो के लोडिंग और अनलोडिंग, बस, ट्रेन, प्लेन से उतरने के बाद लोगों का अपने गंतव्य की ओर जाने को लेकर भी रात्रि कर्फ्यू में छूट दी गई है

कंटेनमेंट जोन के बाहर अभी भी इन चीजों को नहीं मिली इजाजत
अनलॉक-2 में कंटेनमेंट जोन के भीतर 31 जुलाई तक लॉकडाउन का सख्ती से पालन किया जाएगा. लेकिन कंटेनमेंट जोन के बाहर भी सबकुछ खुलने वाला नहीं है. अभी भी तमाम ऐसी चीजें हैं जिसे शुरू करने की इजाजत नहीं दी गई है.

- मेट्रो रेल

- सिनेमा हॉल्स

- जिम

- स्वीमिंग पूल

- एंटरटेनमेंट पार्क

- थिएटर

- बार

- ऑडिटोरियम

- असेंबली हॉल

इन चीजों पर अभी होगा विचार
देश में कोरोना संक्रमण की स्थिति की समीक्षा करने के बाद इन गतिविधियों को शुरू करने की तारीख का ऐलान किया जाएगा.

- सामाजिक

- राजनीतिक

- स्पोर्ट्स

- मनोरंजन

- अकादमिक

- सांस्कृतिक

- धार्मिक

- अन्य बड़ा जमावड़ा

कंटेनमेंट जोन में जारी रहेगी सख्ती

- कंटेनमेंट जोन के भीतर सख्त घेराबंदी की जाएगी

- कंटेनमेंट जोन में केवल आवश्यक गतिविधियों की अनुमति दी जाएगी

- कंटेनमेंट जोन से संबंधित जानकारी जिला कलेक्टरों की वेबसाइट पर नोटिफाई किए जाएंगे और राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों द्वारा जानकारी स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के साथ भी साझा की जाएगी.

- राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों के अधिकारियों द्वारा कंटेनमेंट जोन में गतिविधियों की सख्त निगरानी की जाएगी

- केंद्र सरकार द्वारा जारी किए दिशानिर्देशों को सख्ती से लागू किया जाएगा

- स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के द्वारा भी कंटेनमेंट जोन के परिसीमन और वहां नियंत्रण उपायों के कार्यान्वयन की निगरानी की जाएगी

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अभी भी करने होंगे ये काम

- दो गज की दूरी (सोशल डिस्टेंसिंग)

- दुकानों पर ग्राहकों के बीच पर्याप्त दूरी

- कोरोना को लेकर जारी दिशा-निर्देशों का पालन

- आरोग्य सेतु मोबाइल एप्लिकेशन का उपयोग

इन लोगों के लिए अभी घर में रहना बेहतर

आदेश में कहा गया कि कमजोर व्यक्तियों को आवश्यक जरूरतों और स्वास्थ्य उद्देश्यों के अलावा अन्य किसी काम के लिए घर से बाहर नहीं निकलना चाहिए.

- 65 वर्ष से अधिक आयु वाले व्यक्ति

- अन्य गंभीर बीमारियों से ग्रसित लोग

- गर्भवती महिलाएं

- 10 वर्ष से कम उम्र के बच्चे

इन कामों के लिए पहले ही मिल चुकी है इजाजत

30 मई को जारी किए गए अनलॉक- 1 के आदेश और दिशानिर्देशों के अनुसार कंटेनमेंट जोन के बाहर कुछ गतिविधियों की इजाजत पहले ही दे दी गई थी.

- धार्मिक स्थान और सार्वजनिक पूजा स्थल

- होटल

- रेस्तरां

- हॉस्पिटलिटी सर्विसेज

- शॉपिंग मॉल

राज्यों को भी दिए गए हैं अधिकार
अनलॉक- 2 को लेकर जारी किए गए आदेश में राज्यों को नियमों में बदलाव के अधिकार भी दिए गए हैं. आदेश में कहा गया है कि स्थिति के अपने आकलन के आधार पर, राज्य/केंद्रशासित प्रदेश कंटेनमेंट जोन के बाहर कुछ गतिविधियों को प्रतिबंधित कर सकते हैं, या आवश्यक समझे जाने पर उन पर प्रतिबंध लगा सकते हैं. आदेश में कहा गया है कि व्यक्तियों और वस्तुओं के राज्य के भीतर और अन्य राज्यों में आवाजागी पर कोई प्रतिबंध नहीं होगा. अब इस तरह के आवागमन के लिए अलग से अनुमति/अनुमोदन/ ई-परमिट की आवश्यकता भी नहीं होगी.