आपने अपनी जिंदगी में हो सकता है कई गुफाएं देखी होंगी, लेकिन जैसी वियतनाम में है वैसी तो पक्का नहीं देखी होगी। यह दुनिया की सबसे बड़ी गुफा है, जिसके अंदर एक अलग ही दुनिया बसी हुई है। इस गुफा के अंदर से ऐसी-ऐसी डरावनी आवाजें आती हैं कि सुनकर ही लोग कांप जाते हैं।

नौ किलोमीटर लंबी, 200 मीटर चौड़ी और 150 मीटर ऊंची इस गुफा का नाम है हैंग सोन डूंग। इस गुफा के अंदर पेड़-पौधों से लेकर जंगल, बादल और नदी तक सबकुछ हैं। लाखों साल पुरानी इस गुफा को साल 2013 में पहली बार पर्यटकों के लिए खोला गया था। आपको जानकर हैरानी होगी कि हर साल सिर्फ 250-300 लोगों को ही यहां जाने की इजाजत मिलती है।

इस गुफा की खोज साल 1991 में 'हो खानह' नाम के स्थानीय शख्स ने की थी, लेकिन उस वक्त पानी की भयंकर गर्जना और गुफा में घोर अंधेरा होने के कारण कोई भी अंदर जाने की हिम्मत नहीं जुटा पाया था।

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर साल 2009 में इस गुफा को पहचान मिली, जब एक ब्रिटिश रिसर्च एसोसिएशन ने पहली बार दुनिया को इस गुफा की झलक दिखाई। बाद में साल 2010 में वैज्ञानिकों ने एक 200 मीटर ऊंची दीवार, जिसे 'वियतनाम की दीवार' भी कहते हैं, को पार कर गुफा के अंदर जाने के रास्ते का पता लगाया।

हर साल पर्यटक अगस्त महीने से पहले ही इस गुफा के अंदर जाकर फिर लौट आते हैं, क्योंकि इसके बाद गुफा के अंदर मौजूद नदी का जलस्तर बढ़ जाता है। गुफा के अंदर जाने के लिए प्रति व्यक्ति टिकट लगभग दो लाख रुपये का आता है।

गुफा के अंदर जाने वाले पर्यटकों को पहले छह महीने की ट्रेनिंग दी जाती है। उन्हें कम से कम 10 किलोमीटर पैदल चलने और छह बार रॉक क्लाइंबिंग यानी चट्टानों पर चढ़ना सिखाया जाता है। इसके बाद ही उन्हें गुफा में ले जाया जाता है।