रायपुर
 प्रधानमंत्री मुद्रा योजना को सफल बनाने के लिए छत्तीसगढ़ में लगातार प्रयास किए गए है । इसका असर भी दिखा और एक लाख 16 हजार 917 खाते खोलकर सभी को लोन उपलब्ध कराया गया । हाल ही में जारी आंकड़ों के मुताबिक मुद्र योजना के अंतर्गत छत्तीसगढ़ में 31 मार्च 2019 तक लगभग 2636 करोड़ रुपए बैंको को वापस लेना है। इसमें से लगभग 238 करोड़ रुपए को बैंक ने एनपीए में डाल दिया है । मतलब बैंको ने मान लिया है की ये रकम उन्हें शायद ही वापस मिलें।

इस मामले में कांग्रेस का कहना है कि मुद्रा योजना सिर्फ कुछ विशेष वर्ग के लोगों को फायदा पहुंचाने के लिए ही बनाई गई थी, इसलिए 238 करोड़ रुपए की राशि एनपीए हो गई है ।

कांग्रेस के इस आरोप पर भाजपा का कहना है की यह योजना पीएम मोदी ने गरीब वर्ग के लोगों को ध्यान में रखकर बनाई है। गरीब वर्ग का इंसान कभी भी पैसा नहीं खाता है, इसलिए भले ही अभी ये एनपीए हो गए है, लेकिन भविष्य में ये सारे पैसे जिन्होंने लोन लिया है उसे लौटाएंगे।