तिरुवनंतपुरम
कांग्रेस के वरिष्‍ठ नेता शशि थरूर ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अगर अच्‍छा काम करते हैं तो उसकी प्रशंसा होनी चाहिए। उन्‍होंने कहा कि इससे जब पीएम मोदी गलती करेंगे तो हमारी आलोचना को विश्‍वसनीयता मिलेगी। थरूर का यह बयान ऐसे समय पर आया है जब कांग्रेस के दो बड़े नेताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को 'खलनायक' की तरह पेश करने को गलत बताया है।

थरूर ने एक ट्वीट के जवाब में ट्वीट किया, 'अगर आप जानते हों तो मैं 6 साल पहले से ही यह कहता आ रहा हूं कि जब नरेंद्र मोदी अच्‍छा कहें या अच्‍छा करें तो उनकी प्रशंसा होनी चाहिए। इससे जब पीएम मोदी गलती करेंगे तो हमारी आलोचना को विश्‍वसनीयता मिलेगी। मैं इस बात का स्‍वागत करता हूं कि विपक्ष के अन्‍य नेता भी उसी विचार को मानने लगे हैं जिसे मैंने पहले कहा था।'

बता दें कि सीनियर कांग्रेस नेता जयराम रमेश के बाद अब अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा है कि पीएम मोदी को खलनायक की तरह पेश करना गलत है और ऐसा करके विपक्ष एक तरह से उनकी मदद करता है। इससे पहले जयराम रमेश ने कहा था कि पीएम मोदी के काम के महत्व को स्वीकार नहीं करने और हर समय उन्हें खलनायक की तरह पेश करने से कुछ हासिल नहीं होने वाला है।

'मुद्दों पर हो काम का मूल्यांकन'
सिंघवी ने रमेश के बयान का हवाला देते हुए ट्वीट किया, 'मैंने हमेशा कहा है कि मोदी को खलनायक की तरह पेश करना गलत है। सिर्फ इसलिए नहीं कि वह देश के प्रधानमंत्री हैं, बल्कि ऐसा करके एक तरह से विपक्ष उनकी मदद करता है।' सिंघवी ने कहा, 'काम हमेशा अच्छा, बुरा या मामूली होता है। काम का मूल्यांकन व्यक्ति नहीं बल्कि मुद्दों के आधार पर होना चाहिए। जैसे उज्ज्वला योजना कुछ अच्छे कामों में एक है।'

'मोदी शासन पूरी तरह नकारात्मक गाथा नहीं'
बता दें कि जयराम ने बुधवार को कहा था कि यह वक्त है कि मोदी के काम और 2014 से 2019 के बीच उन्होंने जो किया उसके महत्व को समझे, जिसके कारण वह सत्ता में लौटे। उन्होंने कहा कि शासन का मॉडल 'पूरी तरह नकारात्मक गाथा’ नहीं है। उन्होंने राजनीतिक विश्लेषक कपिल सतीश कोमीरेड्डी की किताब 'मालेवॉलेंट रिपब्लिक: ए शॉर्ट हिस्ट्री ऑफ द न्यू इंडिया' का विमोचन करते हुए ये टिप्पणियां की थीं।