ग्वालियर
जीवाजी क्लब में रात को कार्ड रुम में पूर्व अध्यक्ष सुनील खंडूजा और शराब कारोबारी लक्ष्मीनारायण शिवहरे में झड़प हो गई। दोनों पक्षों में लेनदेन को लिए काफी दिनो से कलह चल रही थी। रात को दोनों पक्षों मे हाथापाई की नौबत होती इसके पहले क्लब के पदाधिकारियो ने उन्हे अलग कर रवाना कर दिया।

जीवाजी क्लब में आए दिन झगड़ों और मारपीट को लेकर विवादो में रहता है। बीते रोज क्लब के कार्ड रुम में दो पक्षों में दोबारा झड़प हो गई। क्लब से मिली जानकारी के अनुसार क्लब के पूर्व अध्यक्ष सुनील खंडूजा लंबे अर्से से प्रॉपर्टी के कारोबार से जुड़े है। उनका शराब कारोबारी लक्ष्मी नारायण शिवहरे के साथ व्यापार में पुराना लेन देन चल रहा है। सुनील खंडूजा से लक्ष्मीनारायण शिवहरे को पुराना पैसा लेना है। जो सुनील खंडूजा देने में आनाकानी कर रहे है। ऐसे में दोनो पक्षो में लंबे अर्से से कलह चली आ रही है। बीती रात को दोनो पक्ष आमने सामने हो गए।

लक्ष्मीनारायण शिवहरे ने उन्हे देखते ही कहा कि पैसे का हिसाब क्यो नही करते हो, इससे जग हंसाई होती है। यह कहते ही सुनील खंडूजा अकड़ गए। इस दौरान कार्ड रुम में दोनो पक्षों में के बीच तीखी झड़प हो गई। नौबत हाथापाई पर आती इसके पहले सुनील खंडूजा कार्ड रुम से नीचे निकल गए। उनके पीछे लक्ष्मीनारायण शिवहरे और श्याम सोलंकी पहुंचे। इतने में क्लब लके सेक्रेट्री डॉ नीरज कौल भी पहुंचे। यहां उन्होने क्लब के और सदस्यो की मदद से दोनो को समझाबुझाकर अलग अलग किया और सुनील खंडूजा को कार में बैटाकर घर रवाना कर दिया। चश्मदीदो का कहना है कि दोनो पक्षों मे हाथापाई भी हुई है। जबकि मुंहवाद की पुष्टी ही क्लब के जिम्मेदार पदाधिकारियो ने की है।