मुंबई
अमेरिका द्वारा भारत को जीएसपी का दर्जा समाप्त किए जाने के बाद जवावी कार्रवाई के तहत नई दिल्ली द्वारा अमेरिका के 28 उत्पादों पर आयात शुल्क बढ़ाने का फैसला लागू करने से पैदा हुए ट्रेड वॉर की आशंका बाजार पर हावी दिखी। कारोबारी सत्र के पहले दिन सोमवार को शेयर बाजार बड़ी गिरावट के साथ बंद हुआ।

 

बीएसई के 30 कंपनियों के शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 491.28 अंकों (1.25%) की गिरावट के साथ 38,960.79 पर बंद हुआ। वहीं, नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) के 50 कंपनियों के शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक निफ्टी 151.15 अंकों (1.28%) की गिरावट के साथ 11,672.15 पर बंद हुआ।

दिनभर के कारोबार में सेंसेक्स ने 39,540.42 का ऊपरी स्तर और 38,911.49 निचला स्तर छुआ। वहीं, निफ्टी ने 11,844.05 का ऊपरी स्तर और 11,657.75 का निम्न स्तर छुआ। बीएसई पर तीन कंपनियों के शेयर हरे निशान पर तो 27 कंपनियों के शेयर लाल निशान पर बंद हुए, जबकि एनएसई पर चार कंपनियों के शेयरों में लिवाली और 46 कंपनियों के शेयरों में बिकवाली दर्ज की गई।

अमेरिकी बादाम के सबसे बड़े आयातक भारत ने रविवार को अमेरिका के बादाम, सेब तथा अखरोट सहित 28 उत्पादों पर आयात शुल्क में बढ़ोतरी कर दी। साल 2018 में दोनों देशों के बीच कुल व्यापार लगभग 142.1 अरब डॉलर रहा था।

मोतीलाल ओसवाल सिक्यॉरिटीज के रिटेल रिसर्च के हेड सिद्धार्थ खेमका ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स से कहा, 'भारत द्वारा अमेरिकी उत्पादों पर शुल्क बढ़ाने का कदम दोनों देशों के बीच ट्रेड वॉर का रूप ले सकता है।'

18 जून से शुरू होने वाली दो दिवसीय एफओएमसी की बैठक से पहले निवेशक बाजार में निवेश करने में बेहद ऐहतियाती बरत रहे हैं।