नालंदा
 बिहार के नालंदा जिले के रिमांड होम से भागे चार बच्चों के मामले में डीएम ने बड़ी कार्रवाई की है। डीएम के निर्देश के बाद पर्यवेक्षण गृह के अधीक्षक दीर्घराज सहित आठ लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है।

डीएम के निर्देश पर प्रभारी सहायक निदेशक जिला बाल संरक्षण इकाई ब्रजेश मिश्रा ने दीपनगर थाने में प्राथमिकी दर्ज करवाई। इसके आधार पर पर्यवेक्षण गृह के अधीक्षक दीर्घराज, रसोइया सुनील सिंह, हेल्पर अश्विन कुमार, आंतरिक सुरक्षा गार्ड प्रेमकांत तथा होमगार्ड राजाराम प्रसाद, राजकुमार प्रसाद, सुंदरलाल एवं विनोद रविदास को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया।

रिमांड होम से बच्चों के फरार होने की खबर सुनकर जांच करने पहुंचे अधिकारियों ने सीसीटीवी फुटेज खंगाला। इस दौरान रिमांड होम के अधिकारियों द्वारा बरती जा रही लापरवाही का खुलासा हुआ।फुटेज में देखा गया कि एक आरोपी के परिजन ने 10 मई को पर्यवेक्षण गृह में कुछ सामान लाकर दिया था जिसकी होमगार्ड के जवानों ने जांच भी नहीं की। पूछताछ में यह भी पता चला कि अधीक्षक के कहने पर होमगार्ड के जवानों ने लाए गए सामान की जांच नहीं की थी।