कोलकाता
वोडाफोन आइडिया (वीआईएल) और भारती एयरटेल का मोबाइल सर्विस रेवेन्यू 3 साल में पहली बार मार्च में समाप्त हुई तिमाही में बढ़ सकता है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसा मिनिमम रिचार्ज प्लान्स और अधिक यूजर्स के ऊंची कीमत वाले वॉइस डेटा पैक चुनने की वजह से हो सकता है।


सितंबर 2016 में शुरुआत के साथ ही टेलिकॉम सेक्टर को हिला देने वाला रिलायंस जियो इन्फोकॉम दोनों प्रतिद्वंद्वियों से आगे बना रहेगा। बड़ी संख्या में कस्टमर जुड़ने की वजह से नेट प्रॉफिट और रेवेन्यू काफी मजबूत रहने की उम्मीद जताई गई है। जियो की एंट्री के साथ छिड़ा प्राइस वॉर अब धीमा पड़ सकता है और यह सेक्टर में स्थायित्व का संकेत हो सकता है।

ब्रोकरेज बीएनपी परिबास ने एक नोट में कहा है, 'टैरिफ काफी हद तक स्थिर हो जाने की वजह से एयरटेल और वीआईएल के लिए ग्रोथ का दौर लौटने वाला है।' इसमें यह भी कहा गया है कि मिनिमम रिचार्ज प्लान्स (सेवा जारी रखे के लिए) की शुरुआत से रेवेन्यू बढ़ सकता है और मुद्रीकरण में सुधार होगा।

कितनी हो सकती है वृद्धि
बैंक ऑफ अमेरिका-मेरिल लिंच ने अनुमान लगाया है कि वित्त वर्ष की चौथी तिमाही में एयरटेल का इंडिया मोबाइल रेवेन्यू पिछली तिमाही के मुकाबले 4 फीसदी बढ़ेगा, जबकि बीएनपी ने वीआईएल के मोबाइल रेवेन्यू 1 फीसदी वृद्धि की उम्मीद जताई है।

जियो का झटका
जियो ने बाजार में उतरते हुए मुफ्त वॉइस कॉल और बेहद कम कीमत पर डेटा देकर दूसरी कंपनियों को यूजर बेस की रक्षा के लिए टैरिफ को सस्ता करने पर मजबूर किया। इससे उनके राजस्व और कमाई में भारी गिरावट आई। छोटी टेलिकॉम कंपनियों पर ताला लटक गया और वोडाफोन इंडिया ने आइडिया के साथ मर्जर किया। अब मैदान में सिर्फ तीन प्राइवेट ऑपरेटर्स (जियो, एयरटेल, वोडोफान आइडिया) हैं। विश्लेषकों का कहना है कि 'सबसे बुरा दौर' अब खत्म हो चुका है।

एआरपीयू में इजाफा
बैंक ऑफ अमेरिका-मेरिल लिंच के मुताबिक, एयरटेल का औसत राजस्व प्रति यूजर (एआरपीयू) 21 फीसदी वृद्धि के साथ 126 रुपये तक पहुंच सकता है। बीएनपी का अनुमान है कि वोडाफोन आइडिया का एआरपीयू 19 फीसदी इजाफे के साथ 106 रुपये रह सकता है। दोनों ही कंपनियों ने मिनिमम रिचार्ज प्लान्स की शुरुआत अक्टूबर में की थी।

जियो को मुनाफा, एयटेल-वीआईएल को घाटा
ब्रोकरेज फर्म्स ने कहा है कि मुकेश अंबानी की अुगआई वाली कंपनी जियो लगातार छठी तिमाही में मुनाफा दर्ज करेगी तो एयरटेल और वोडाफोन लिमिटेड का घाटा बरकरार रह सकता है। BofAML ने कहा कि जियो का नेट प्रॉफिट 64 फीसदी बढ़कर 840 करोड़ रुपये रह सकता है।